एक प्रेरणा दायक कहानी सच्ची मेहनत और सफलता , जो परिश्रम और लगन के महत्व को समझती है। यह कहानी जीवन में कभी हार न मानने की सीख देती है।
कहानी-सफलता और असफलता की सीढ़ी है। एक छोटे से गांव में सोहन नाम का एक युवा रहता था। सोहन बहुत गरीब था। लेकिन उसके सपने बहुत बड़े थे। वह गांव के स्कूल में पढ़ता था। और हमेशा कुछ बढ़ा करना चाहता था। उसके पास पढ़ाई के कुछ खास साधन नहीं थे, फिर भी उसकी आंखों में एक उज्जवल भविष्य की चाह थी। गांव के पास में एक बड़ा शहर था, जहां एक प्रतिष्ठित परीक्षा का आयोजन होना था। सोहन ने परीक्षा में बैठने का निर्णय लिया, उसके पास किताबें खरीदने के लिए पैसे नहीं थे। उसने गांव के ही पुराने शिक्षक से किताबें उधार ली। सोहन रोज रात मिट्टी के तेल के प्रकाश में पढ़ाई करता, ठंड हो या गर्मी उसकी मेहनत में कोई कमी नहीं आई। परीक्षा का दिन आया। सोहन ने अपना पुरा प्रयास किया। और पेपर बहुत अच्छे से हल किया। उसे पुरा विश्वास था, कि वह पास हो जाएगा। कुछ हफ्तों के बाद जब रजेल्ट आया, तो सोहन का नाम सुची में नहीं था, वह परीक्षा में असफल हो गया था। यह सुनकर सोहन का दिल टूट गया, वह उदास होकर कमरे में बैठ गया। उसे लगा कि उसकी सारी मेहनत बेकार चली गई। उसके मन में आया कि उसकी किस्मत में आगे पढ़ना नहीं है।...