गधा और धोबी। एक निर्धन धोबी था। उसके पास एक गधा था। गधा काफी कमजोर था क्योंकि उसे बहुत कम खाना पीना मिलता था। एक दिन, धोबी को मरा हुआ बाग़ मिला । उसने सोचा, मै गधे ऊपर बाग़ की खाल डाल दूंगा , ओर उसे पड़ोसियों के खेत में चरने के लिए छोड़ दिया करुंगा । किसान समझेंगे कि वह सच मुच का बाग़ है। और किसान उससे डरकार दूर रहेंगे। और वह आराम से खेत चर लिया करेगा। धोबी ने अपनी योजना पर अमल कर डाला। उसकी योजना काम कर गई। एक रात गधा रात में खेत में चर रहा था। की उसे अचानक गधे के रेंकने की आवाज सुनाई दी और वह भी जोश में रेंकने लगा । गधा की आवाज से किसानो को गधे की असलियत का पता चल गया। और उन्होंने गधे की खूब पिटाई की। और इसलिए कहा गया है कि हमें अपनी सच्चाई कभी भी नहीं छुपानी चाहिए।

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  1. https://storynameg.blogspot.com/2026/08/blog-post.html?m=1

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  2. आपको कहानी कैसी लगी

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